राजनेता नहीं जन नेता है पंडित दुर्गादत्त शास्त्री

राजनेता नहीं जन नेता है पंडित दुर्गादत्त शास्त्री


जमीनी कार्यकर्ता के रूप में छह दशकों से संगठन को कर रहे हैं मजबूत


 


पंडित दुर्गादत्त शास्त्री कांग्रेस पार्टी के एक निष्ठावान समर्पित कार्यकर्ता हैं जो पार्टी की विरासत को आगे बढ़ाते हुए आरंभ से ही पार्टी और संगठन को मजबूत करने का कार्य कर रहे है धौलपुर जिले के रहने वाले पंडित दुर्गादत्त शास्त्री सन 1961 मैं यूथ कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण करने के बाद उन्हें राजस्थान प्रदेश युवा कांग्रेस में उपाध्यक्ष पद पर नियुक्त किया गया कांग्रेस पार्टी से जुड़े पंडित दुर्गादत्त शास्त्री कांग्रेस पार्टी को एक पार्टी नहीं बल्कि एक विचारधारा मानते हैं और इसी विचारधारा को आगे ले जाने के उद्देश्य वे हमेशा एक जमीनी कार्यकर्ता के तौर पर प्रयासरत रहते हैं राजनीतिक सफर बचपन से ही कांग्रेस के लिए समर्पित भावना रखने वाले पंडित दुर्गादत्त शास्त्री यूथ कांग्रेस के माध्यम से राजनीति में प्रवेश किया और छात्र संघ के अध्यक्ष बने इसके बाद मुख्य पार्टी से जुड़ने के बाद सन 1977 से 1992 तक बे जिला कांग्रेस कमेटी के महासचिव पद पर रहे और 1992 से लगातार सन 2005 तक लगभग 13 वर्षों तक धौलपुर जिला कांग्रेस कमेटी के जिला अध्यक्ष के पद पर पर रहते हुए अपने दायित्व का निर्वहन किया और पार्टी संगठन को मजबूती प्रदान की सन 2005 में राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य निर्वाचित हुए वर्तमान में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य हैं सर्वाधिक महत्वपूर्ण पंडित दुर्गादत्त शास्त्री पूर्व प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी की अवैधानिक गिरफ्तारी के विरोध में जेल भरो सत्याग्रह में उन्होंने गिरफ्तारी दी और 10 दिन तक जेल में रहे पंडित दुर्गादत्त शास्त्री राजकीय महाविद्यालय धौलपुर में सन 1963 से 1965 तक छात्र संघ के निर्वाचित अध्यक्ष रहे 1980 में धौलपुर नगर पालिका में पार्षद निर्वाचित हुए 1987 में धौलपुर विकास बैंक में डायरेक्ट निर्वाचित होकर उन्होंने अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन किया उन्होंने धौलपुर विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस प्रत्याशियों के चीफ इलेक्शन एजेंट के रूप में अपने कर्तव्य का बखूबी निर्वहन किया उनके प्रशासनिक अनुभव और संगठन के प्रति निष्ठा और समर्पण को ध्यान रखते हुए पिछली अशोक गहलोत की सरकार ने 20 सूत्री कार्यक्रम समिति के उपाध्यक्ष के रूप में उन्हें नियुक्त किया और राज्य की भूमि मूल्यांकन समिति के सदस्य पद पर आसीन किया और बे एक जन नेता के रूप में जिले में स्थापित हुए राजनीतिक गतिविधियों के साथ-साथ सामाजिक गतिविधियों में भी उनका बढ़-चढ़कर योगदान रहा है राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की प्रेरणा से स्थापित भारत सेवा संस्थान के जिला कोऑर्डिनेटर के रूप में सेवारत हैं यह संस्था गांधी जी के दर्शन का प्रचार-प्रसार करती है चकोली शैक्षिक सामाजिक विकास समिति धौलपुर के संरक्षक की हैसियत से सेवारत, संस्था शैक्षिक सामाजिक उत्थान के लिए जिला कलेक्टर द्वारा सम्मानित हो चुकी है पंडित दुर्गादत्त शास्त्री ने कांग्रेस के समस्त अग्रिम संगठनों के साथ समन्वय में स्थापित करते हुए पार्टी को मजबूती प्रदान की लंबे राजनीतिक जीवन में निष्कलंक व स्वच्छ छवि का गौरव प्राप्त है अपने लंबे राजनीतिक कैरियर में पंडित दुर्गादत्त शास्त्री ने कांग्रेस पार्टी को अपने और संगठन के माध्यम से शहर शहर गांव गांव तक हजारों कार्यकर्ताओं को जोड़ने का काम किया पार्टी की नीतियों का प्रचार प्रसार किया और एक-एक कार्यकर्ता को तन मन से पार्टी को मजबूत करने के लिए प्रेरित किया जिले मे पार्टी के निष्ठावान समर्पित कार्यकर्ताओं के लिए बे हमेशा एक मार्गदर्शक एवं प्रेरणा स्रोत बने रहे आवश्यकता पार्टी को उनकी क्षमता के हिसाब से पद और जिम्मेदारी देने की है जिससे एक समर्पित निष्ठावान कार्यकर्ता को सम्मान मिले धौलपुर जिले से आज तक राजनीतिक नियुक्तियों के अंतर्गत किसी भी जिले के कार्यकर्ताओं को कोई महत्वपूर्ण जिम्मेदारी नहीं मिली पंडित दुर्गादत्त शास्त्री लगातार लगभग 6 दशकों से पार्टी की सेवा में अपने दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं पिछली भाजपा सरकार ने जिले में भाजपा कार्यकर्ताओं को राजनीतिक नियुक्तियों के अंतर्गत प्रदेश स्तर की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां दी गई परंतु धौलपुर जिले में अभी तक ना कभी जिले से कोई राज सभा का सांसद बना ना ही लोकसभा का सदस्य बना ना ही कोई कांग्रेसी कार्यकर्ता को अभी तक जिले में राजनीतिक नियुक्तियों के अंतर्गत कोई महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई पार्टी नेतृत्व को संगठन में पंडित दुर्गादत्त शास्त्री के महत्वपूर्ण योगदान को देखते हुए और कांग्रेस कार्यकर्ताओं की जन भावनाओं के अनुरूप उन्हें उचित सम्मान मिले जिससे कि कार्यकर्ताओं में नई उर्जा जोश का संचार हो सके